30-30-30 Rule: आजकल सोशल मीडिया पर फिटनेस से जुड़ा एक ट्रेंड बहुत वायरल हो रहा है, 30-30-30 रूल। सुनने में आसान लगता है। सुबह उठते ही 30 मिनट के अंदर 30 ग्राम प्रोटीन खाओ, फिर 30 मिनट हल्की एक्सरसाइज करो। दावा है कि इससे मेटाबॉलिज्म बेहतर होगा, एनर्जी बनी रहेगी और वजन धीरे-धीरे कम होगा। लेकिन क्या ये सच में काम करता है या सिर्फ सोशल मीडिया का एक और ट्रेंड है? चलिए आसान भाषा में समझते हैं।
सबसे पहले समझिए कि 30-30-30 रूल है क्या। इसमें तीन चीजें शामिल हैं, सुबह जल्दी प्रोटीन लेना, 30 मिनट लो-इंटेंसिटी कार्डियो करना और इसे रोज करना। लो-इंटेंसिटी कार्डियो मतलब तेज चलना, आराम से साइकिल चलाना या हल्की जॉगिंग। यानी ऐसी एक्सरसाइज जिसमें सांस तेज हो लेकिन आप आराम से बात भी कर सकें।
सुबह प्रोटीन खाना क्यों जरूरी माना जाता है?
अब बात करते हैं सुबह प्रोटीन खाने की। सुबह प्रोटीन लेने से सिर्फ पेट नहीं भरता, बल्कि भूख कंट्रोल करने वाले हार्मोन भी बैलेंस होते हैं। इससे दिनभर कम भूख लगती है और ओवरईटिंग कम हो सकती है। रिसर्च के अनुसार ज्यादा प्रोटीन लेने से मसल्स सुरक्षित रहते हैं और वजन कम करते समय कमजोरी कम होती है। यही वजह है कि एक्सपर्ट सुबह प्रोटीन लेने की सलाह देते हैं। जानकारी के अनुसार National Institutes of Health भी बताता है कि प्रोटीन से पेट भरा महसूस होता है और वजन कंट्रोल में मदद मिलती है।
30 मिनट कार्डियो का क्या फायदा?
अब कार्डियो की बात करें। रोज 30 मिनट हल्की एक्सरसाइज करना शरीर के लिए बहुत फायदेमंद है। इससे दिल मजबूत होता है, ब्लड शुगर कंट्रोल रहती है और शरीर एक्टिव रहता है। Centers for Disease Control and Prevention के अनुसार हफ्ते में कम से कम 150 मिनट एक्टिव रहना हेल्थ के लिए जरूरी है, और यह नियम उस लक्ष्य को आसानी से पूरा करने में मदद करता है। साथ ही World Health Organization भी नियमित फिजिकल एक्टिविटी को कई गंभीर बीमारियों के जोखिम को कम करने से जोड़ता है।
क्या इससे वजन कम होता है?
लेकिन सबसे जरूरी सवाल ,क्या इससे वजन कम होता है? सच ये है कि वजन तभी कम होगा जब आप जितनी कैलोरी लेते हैं, उससे ज्यादा खर्च करेंगे। प्रोटीन भूख कम कर सकता है और कार्डियो कैलोरी बर्न करता है, लेकिन अगर आप दिनभर ज्यादा खाते हैं तो वजन कम नहीं होगा। लोग कहते हैं कि ये रूल मेटाबॉलिज्म रीसेट कर देता है, लेकिन यह पूरी तरह सही नहीं है। हां, सुबह प्रोटीन और एक्सरसाइज शरीर के काम करने के तरीके को सपोर्ट जरूर करते हैं, लेकिन कोई जादुई स्विच ऑन नहीं होता।
क्या यह मेटाबॉलिज्म रीसेट करता है?
यह रूल उन लोगों के लिए अच्छा हो सकता है जिन्हें रूटीन बनाने में दिक्कत होती है या जो सुबह नाश्ता छोड़ देते हैं। लेकिन अगर आपकी लाइफस्टाइल अलग है, जैसे सुबह जल्दी काम पर जाना या शाम को एक्सरसाइज करना ज्यादा आसान है, तो यह जरूरी नहीं कि यही तरीका अपनाएं। असल में वजन घटाने का मकसद सिर्फ दिखना नहीं, बल्कि हेल्दी रहना है। रिसर्च बताती है कि शरीर का सिर्फ 5-10% वजन कम करने से भी ब्लड प्रेशर, शुगर और कोलेस्ट्रॉल बेहतर हो सकते हैं, जैसा कि Translational Behavioral Medicine में प्रकाशित अध्ययन बताता है।


