बांदा पुलिस ने एटीएम कार्ड बदलकर लोगों के खातों से धोखाधड़ी कर पैसे निकालने वाले दो अंतरराज्यीय शातिर ठगों को गिरफ्तार किया है। ये अपराधी भोले-भाले और बुजुर्ग व्यक्तियों को सहायता का झांसा देकर उनके एटीएम कार्ड बदल लेते थे। पुलिस ने इनके पास से 5 चोरी के एटीएम कार्ड, 32 हजार रुपये नकद और एक मोबाइल फोन बरामद किया है। पुलिस अधीक्षक पलाश बंसल के निर्देश पर जनपद में अपराध नियंत्रण अभियान के तहत यह कार्रवाई की गई। गिरफ्तार अभियुक्तों ने पूछताछ में स्वीकार किया कि वे एटीएम मशीनों के पास खड़े होकर अकेले और बुजुर्ग लोगों को निशाना बनाते थे। वे मदद के बहाने उनका एटीएम कार्ड चालाकी से बदल लेते थे और फिर चोरी किए गए कार्ड व पिन की मदद से उनके खातों से पैसे निकाल लेते थे। पीड़ितों को धोखाधड़ी का पता तब चलता था जब उनके खाते से पैसे निकल चुके होते थे। यह गिरफ्तारी थाना कोतवाली नगर क्षेत्र के शांति नगर निवासी राहुल पुत्र बच्छराज की शिकायत के बाद हुई। राहुल ने 8 अक्टूबर 2025 को अपने साथ हुई एटीएम कार्ड धोखाधड़ी की सूचना 12 जनवरी 2026 को कोतवाली नगर थाने में दी थी। शिकायत के आधार पर मामला दर्ज कर अभियुक्तों की पहचान और गिरफ्तारी के लिए टीमें गठित की गई थीं। कोतवाली नगर पुलिस ने मुखबिर की सूचना पर पुलिस लाइन तिराहा स्थित एसबीआई एटीएम के पास से दोनों अभियुक्तों को गिरफ्तार किया। अभियुक्तों ने 8 अक्टूबर 2025 और 29 अक्टूबर 2025 को भी इसी तरह की धोखाधड़ी की घटनाओं को अंजाम देना स्वीकार किया है। गिरफ्तार अभियुक्तों की पहचान राजू उर्फ श्यामलाल पुत्र अच्छेलाल और अनिरुद्ध उर्फ भोलू पुत्र सूरजपाल के रूप में हुई है। दोनों मध्य प्रदेश के पन्ना जिले के देवेंद्र नगर थाना क्षेत्र के निवासी हैं। इनके कब्जे से 5 चोरी के एटीएम कार्ड, 32 हजार रुपये नकद और एक मोबाइल फोन जब्त किया गया है।


