Dhurandhar Actor Abhay Arora Exclusive Interview: शूटिंग के दौरान सेट पर हम 12-14 घंटे लगातार काम करते थे, लेकिन एक-दूसरे ने इतना सपोर्ट किया कि किसी के चेहरे पर थकान या शिकायत नहीं दिखती थी। फिल्म से जुड़े हर व्यक्ति ने बहुत मेहनत की है। यह कहना है गुलाबी नगर निवासी फिल्म एक्टर अभय अरोड़ा का, जिन्होंने फिल्म ‘धुरंधर’ और ‘धुरंधर द रिवेंज’ में गैंगस्टर अरशद पप्पू के भाई यासिर का किरदार निभाया है।
इसी बीच फिल्म ‘धुरंधर’ को लेकर पत्रिका से खास बातचीत करते हुए अभय अरोड़ा ने कहा, ‘संजय दत्त, अक्षय खन्ना, रणबीर सिंह, राकेश बैदी जैसे कलाकारों के साथ काम करना मेरे लिए सम्मान की बात थी। हम लोग शूटिंग के दौरान कॉमेडी भी करते थे। शहर के युवा कलाकारों से कहना चाहूंगा कि खुद पर, अपने सपनों पर विश्वास करो और लगातार मेहनत करते रहो। जब भगवान देता है, तो बहुत देता है, बस विश्वास बनाए रखो।’
फिल्म ‘धुरंधर’ से आपको शुरुआत में क्या उम्मीदें थी? (Dhurandhar Actor Abhay Arora Exclusive Interview)
जब मुझे फिल्म ‘धुरंधर’ के लिए कास्ट किया गया, उस समय मैं फिल्म ‘रामायण’ पर काम कर रहा था। जब पता लगा कि इसके निर्देशक आदित्य धर हैं, तो काफी खुशी हुई। लेकिन यह फिल्म इतनी बड़ी ब्लॉकबस्टर होगी, इसका अंदाजा नहीं था।
जब आपने यह फिल्म देखी तो अनुभव कैसा रहा?
फिल्म की शूटिंग करना और फिल्म देखना दोनों अलग अनुभव होते हैं। शूटिंग के दौरान हर कलाकार को सिर्फ अपने हिस्से की कहानी पता होती है, क्योंकि स्क्रिप्ट बहुत गोपनीय होती है। जब हमने पूरी फिल्म देखी, तो बेहतरीन लगी। मुझे बैंकॉक का पहला दिन याद है, जहां सेट इतना वास्तविक बनाया गया था कि ऐसा लगा ही नहीं कि हम बैंकॉक में हैं। ऐसा लग रहा था जैसे पाकिस्तान के लियारी इलाके में शूट कर रहे हैं। यह सब डायरेक्टर और निर्देशक की बारीकी से की गई मेहनत का परिणाम था।
इस फिल्म में काम करने का निर्णय कैसे लिया?
हर अभिनेता का सपना होता है कि उसे बड़े बैनर और अच्छे निर्देशक के साथ काम करने का मौका मिले। फिल्म की कहानी बहुत दमदार थी, इसलिए इसे मना नहीं कर पाया। मैं पहले से ही बाल और दाढ़ी बढ़ा रहा था। लेकिन जब किरदार मिला, तो कहा गया कि अब इसे वैसा ही रखना है।
फिल्म में ‘यासिर’ के किरदार के लिए क्या तैयारी की?

यासिर का किरदार काफी अलग था। उसमें गुस्सा भी था, लेकिन अपने भाई के लिए प्यार और वफादारी भी थी। मैंने इस किरदार में भावनाओं के हर पहलू को दिखाने की कोशिश की, चाहे वह एक गैंगस्टर का रौब हो या भाई के लिए उसका प्यार हो।
गुस्से वाले सीन किस तरह चुनौतीपूर्ण रहे?
एक गुस्से वाला सीन शूट करने के तुरंत बाद मैं बैंकॉक से मुंबई आ गया था। अगले दिन मुझे रामायण में शांत किरदार निभाना था। यह बदलाव चुनौतीपूर्ण जरूर था, लेकिन हमारी प्रोफेशनल ट्रेनिंग हमें यह करने में सक्षम बना देती है।
फिल्म के दौरान सबसे चुनौतीपूर्ण क्या रहा?
मेरे लिए सबसे चुनौतीपूर्ण एक्शन सीन थे, खासकर वह सीन जिसमें मेरे किरदार की हत्या होती है। वह शारीरिक रूप से बहुत कठिन था, क्योंकि मुझे जमीन पर घसीटा जा रहा था। उस दौरान मुझे चोट भी लगी, लेकिन मैंने शूटिंग नहीं रोकी।
‘धुरंधर’ फिल्म से आपने क्या सीखा?
‘धुरंधर’ फिल्म करने के बाद मुझे एक बात और मजबूत तरीके से समझ आई कि मेहनत हमेशा रंग लाती है। आपको अपने लक्ष्य की ओर लगातार मेहनत करते रहना चाहिए।
फिल्म में आपका सबसे पसंदीदा किरदार कौन सा रहा?
मुझे व्यक्तिगत रूप से जमील जमाली का किरदार बहुत पसंद आया, जिसे राकेश बेदी ने निभाया है। उनके किरदार ने फिल्म में एक अलग ही माहौल क्रिएट कर दिया। इतनी गंभीर फिल्म में इस तरह का किरदार निभाना और दर्शकों को बांधे रखना आसान नहीं होता, लेकिन उन्होंने इसे बेहतरीन तरीके से किया।
अक्षय खन्ना के किरदार के बारे में आप क्या कहेंगे?
अक्षय खन्ना ने अपने अभिनय से कमाल किया है। उनका ‘रहमान डकैत’ वाला किरदार और उनका डांस दर्शकों के दिलों में बस गया।


