हिमाचल प्रदेश के पंडित जवाहरलाल नेहरू मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल चंबा में सर्जन डॉ. रोहित कुमार ने महज तीन सप्ताह के भीतर 77 बड़े ऑपरेशन कर एक उल्लेखनीय उपलब्धि हासिल की है। इस दौरान उन्होंने ओपीडी में करीब 2500 मरीजों का इलाज भी किया। अस्पताल के सर्जरी विभाग में कुल 14 पद स्वीकृत हैं, लेकिन वर्तमान में केवल 3 डॉक्टर ही तैनात हैं। 30 लैप्रोस्कोपिक ऑपरेशन भी किए विभागाध्यक्ष डॉ. अश्वनी कुमार और डॉ. अरविंद भाटिया के अवकाश पर होने के कारण विभाग की पूरी जिम्मेदारी डॉ. रोहित कुमार ने अकेले संभाली। इन 77 ऑपरेशनों में 38 रूटीन और 39 आपातकालीन सर्जरी शामिल थीं। इनमें 30 लैप्रोस्कोपिक ऑपरेशन भी किए गए। डॉ. रोहित ने पित्त की थैली और हर्निया जैसे जटिल मामलों सहित कुल छह आपातकालीन और 17 रूटीन ऑपरेशन सफलतापूर्वक संपन्न किए। 24 घंटे आपातकालीन ड्यूटी पर रहे तैनात डॉ. रोहित ने सर्जरी के साथ-साथ एमबीबीएस विद्यार्थियों को क्लीनिकल और थ्योरी कक्षाएं भी पढ़ाई। वह लगातार 24 घंटे आपातकालीन ड्यूटी पर भी तैनात रहे। सीमित संसाधनों और स्टाफ की कमी के बावजूद उनका यह कार्य समर्पण, सेवा भावना और दक्षता की मिसाल माना जा रहा है। अस्पताल प्रबंधन और स्थानीय लोगों ने उनके कार्य की सराहना करते हुए इसे मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल चंबा के लिए गर्व का विषय बताया है।


