हनुमानगढ़. जिला मुख्यालय पर एलपीजी सिलेंडर आपूर्ति की व्यवस्था नहीं सुधर रही। इससे उपभोक्ता परेशान हो रहे हैं। स्थिति यह है कि सिलेंडर से भरी ट्रालियां जब मोहल्ले में पहुंचती है तो इसके चारों तरफ लोगों की भीड़ जमा हो जाती है। इस दौरान ट्राली वाले पहले बुकिंग करवाने की बात कहते हैं। परंतु बुकिंग व्यवस्था भी प्रॉपर तरीके से काम नहीं कर रही है। कुछ उपभोक्ता ऐसे हैं, जिनकी ओर से बुकिंग करवाने के बाद उनकी बुकिंग के नंबर नहीं आ रहे हैं।
शहर के हालात ऐसे हैं कि एक गैस सिलेंडर के लिए उपभोक्ताओं को एजेंसियों और ट्रैक्टर-ट्रॉलियों के पीछे भटकना पड़ रहा है। शनिवार को जंक्शन क्षेत्र की दुर्गा कॉलोनी में गैस आपूर्ति से जुड़ी अनियमितता का मामला सामने आया। उपभोक्ता गोपाल शर्मा ने गैस सिलेंडरों की कालाबाजारी का आरोप लगाते हुए प्रशासन से जांच और सख्त कार्रवाई की मांग की। उनका कहना था कि दुर्गा कॉलोनी निवासी एक महिला ने 22 मार्च को गैस सिलेंडर की बुकिंग करवाई थी। आरोप है कि उसी दिन शाम को उनकी बुकिंग पर सिलेंडर किसी अन्य व्यक्ति की ओर से उठा लिया गया। लेकिन इसके बावजूद अब तक उन्हें गैस उपलब्ध नहीं करवाई गई है। पीडि़त महिला पिछले तीन दिनों से गैस सप्लाई कर्मचारियों से लगातार संपर्क कर रही है लेकिन समाधान नहीं हो पाया।
पहले एजेंसी की ओर से महिला को स्वयं एजेंसी पहुंचने के लिए कहा गया, जबकि बाद में कर्मचारियों ने सिलेंडर घर पहुंचाने का आश्वासन दिया। स्थानीय लोगों का कहना है कि इस तरह की घटनाएं गैस सिलेंडरों की कालाबाजारी की ओर इशारा करती हैं। सवाल है कि जब सरकार पर्याप्त गैस उपलब्ध होने के दावे कर रही है तो फिर उपभोक्ताओं को इतनी परेशानी क्यों झेलनी पड़ रही है। जिला प्रशासन का दावा है कि घरेलू सिलेंडर पर्याप्त मात्रा में हैं। उपभोक्ता 25 दिन बाद बुकिंग करवाकर गैस प्राप्त कर सकते हैं।
दुकानदारों की हालत पतली
कामर्शियल गैस सिलेंडर की आपूर्ति पर रोक लगाने की वजह से दुकानदारों की स्थिति लगातार पतली हो रही है। गैस किल्लत के बीच कुछ दुकानदार मिट्टी के चूल्हे बनाकर कोयला व लकड़ी का उपयोग करके काम चला रहे हैं। चाय, नमकीन की स्टॉल लगाने वाले छोटे दुकानदार गैस किल्लत से प्रभावित हो रहे हैं।
अवैध पेट्रोलियम भंडारण गोदाम में आग लगने के बाद जागा प्रशासन, 7907 लीटर पेट्रोलियम पदार्थ जब्त
गोलूवाला. निकटवर्ती गांव चक तीन एचडीपी के आबादी क्षेत्र में अवैध पेट्रोलियम पदार्थ भंडारण गोदाम में लगी भीषण आग के बाद शनिवार को प्रशासन ने कार्रवाई करते हुए जब्ती अभियान चलाया। रसद विभाग की टीम ने मौके पर पहुंचकर विनोद कुमार पुत्र भादर राम के गोदाम से कुल 7907 लीटर पेट्रोलियम पदार्थ जब्त किया। गौरतलब है कि शुक्रवार दोपहर इस अवैध भंडारण गोदाम में अचानक आग लगने से क्षेत्र में एकबारगी हडक़ंप मच गया था। आग की तीव्रता इतनी अधिक थी कि पास ही सटे दूसरे गोदाम में रखे ड्रमों को दीवारों के अत्यधिक गर्म होने के कारण तत्काल हटाया नहीं जा सका।
सुरक्षा के मद्देनजर प्रशासन ने मौके पर दो सुरक्षा गार्ड तैनात किए
किसी भी संभावित खतरे से निपटने के लिए एक अग्निशमन वाहन भी तैनात रखा गया था। शनिवार शाम को जिला रसद अधिकारी सुनील घोड़ेला के नेतृत्व में पहुंची टीम ने गोदाम में रखे पेट्रोलियम पदार्थ की जांच कर उसे जब्त कर लिया। टीम में प्रवर्तन निरीक्षक पुरुषोत्तम भाटीवाल, मनीष सिंगला तथा प्रवर्तन अधिकारी बाबूलाल सहित अन्य अधिकारी शामिल रहे। पूरी कार्रवाई के दौरान नायब तहसीलदार रामनरेश मीणा व गोलूवाला पुलिस टीम के जवान मौके पर मौजूद रहे और व्यवस्थाओं की निगरानी करते रहे। जब्त पेट्रोलियम पदार्थ को आगे की कानूनी प्रक्रिया के लिए पुलिस के सुपुर्द किया गया है।


