Youth financial habits: कर्ज लेकर जरूरतें पूरी करना आम बात है, लेकिन आजकल के युवा जश्न के लिए कर्ज ले रहे हैं। नए साल का जश्न मनाने के लिए बड़ी संख्या में युवाओं के कर्ज लेने की बात सामने आई है। इससे यह स्पष्ट होता है कि युवाओं को ‘कर्ज लेकर घी पीने’ में कोई आपत्ति नहीं है। वह अपने शौक, जरूरतें पूरी करने के साथ-साथ जश्न मनाने के लिए भी कर्ज लेने को तैयार हैं। डिजिटल युग में कर्ज लेना काफी आसान हो गया है, इसलिए लोग छोटे बड़े काम के लिए कर्जा ले रहे हैं।
इस तरह लिया Loan
मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, साल 2026 का स्वागत करने के लिए उत्तर प्रदेश के गौतमबुद्धनगर जिले के युवाओं ने कर्ज लेने में भी संकोच नहीं किया। उन्होंने डिजिटल वॉलेट, निजी और राष्ट्रीयकृत बैंकों से कर्ज लिया और नए साल का जश्न मनाया। 25 दिसंबर 2025 से एक जनवरी 2026 तक क्रेडिट कार्ड, नो-कॉस्ट EMI और अभी खरीदें बाद में चुकाएं (BNPL) जैसे विकल्पों के माध्यम से करीब 14 करोड़ रुपए से ज्यादा खर्च किए गए।
कर्ज के साथ नए साल का आगाज
एक सप्ताह में 23858 युवाओं ने कर्ज लेकर जश्न मनाया। यह आंकड़ा और भी बड़ा हो सकता है, क्योंकि कुछ निजी बैंकों से इस अवधि में लिए गए लोन का विवरण मिल नहीं सका है। उत्तर प्रदेश के शायद ही किसी जिले में इतनी बड़ी संख्या में युवाओं ने जश्न के लिए कर्जा लिया हो। एक रिपोर्ट बताती है कि डिजिटल वॉलेट जैसे कि फोनपे आदि से अलग-अलग अवधियों के लिए कर्ज लिया गया है। अब उस कर्ज की ईएमआई फरवरी से शुरू होनी है। इस तरह इन युवाओं के लिए नए साल का आगाज ही कर्ज के साथ हुआ है।
शराब की जमकर हुई बिक्री
नए साल के मौके पर युवा पार्टियों का हिस्सा बनने को बेताब रहते हैं। होटल-बार, नाइट क्लब आदि में होने वालीं इन पार्टियों के लिए मोटी एंट्री फीस होती है। इसके अलावा, पीने-पिलाने पर भी काफी खर्चा होता है। इन्हीं सब के लिए युवाओं ने कर्जा लिया है। NBT की रिपोर्ट के अनुसार, नए साल के जश्न के मौके पर शराब की जमकर बिक्री हुई। खासकर, 30 और 31 दिसंबर को बिक्री ने कई रिकॉर्ड तोड़ डाले। इन 2 दोनों के दौरान गौतमबुद्धनगर जिले में करीब 35 करोड़ की शराब बिकी। इससे आबकारी विभाग के खाते में ही 24 से 25 करोड़ बतौर राजस्व आ गए। यह आंकड़ा 2024 के मुकाबले काफी ज्यादा है। नए साल के स्वागत में युवा लगभग 7 लाख लीटर शराब गटक गए।


