जहानाबाद में जल जमाव की समस्या से परेशान ग्रामीणों ने गुरुवार को जहानाबाद-शकूराबाद सड़क जाम कर दी। यह जाम लगभग दो घंटे तक चला, जिससे आवागमन बाधित रहा और वाहनों की लंबी कतारें लग गईं। ग्रामीणों के अनुसार, पिंजौर गांव से जहानाबाद आने-जाने वाली सड़क पर पिछले पांच वर्षों से पानी जमा रहता है। बरसात का मौसम शुरू होने से पहले ही सड़क पर पानी भर गया है, जिससे बच्चों की पढ़ाई और लोगों के आवागमन में भारी परेशानी हो रही है। पक्के नाले का नहीं हुआ निर्माण ग्रामीणों ने बताया कि वे इस समस्या को लेकर मुख्यमंत्री के जनता दरबार से लेकर कई अधिकारियों से गुहार लगा चुके हैं, लेकिन आज तक जल जमाव का समाधान नहीं हुआ है। उनका आरोप है कि पहले भी सड़क जाम करने पर अधिकारियों ने नाला बनाकर पानी की निकासी का आश्वासन दिया था, लेकिन पक्के नाले का निर्माण नहीं हुआ और पानी की निकासी नहीं हो सकी। पुलिस ने ग्रामीणों को समझाने का किया प्रयास सूचना मिलने पर परस बीघा थाने की पुलिस मौके पर पहुंची और ग्रामीणों को समझाने का प्रयास किया। हालांकि, ग्रामीण उच्च अधिकारियों को घटनास्थल पर बुलाने की मांग पर अड़े हैं। उनका कहना है कि जब तक जल जमाव की समस्या का स्थायी समाधान नहीं होगा, तब तक वे सड़क जाम नहीं हटाएंगे। जहानाबाद में जल जमाव की समस्या से परेशान ग्रामीणों ने गुरुवार को जहानाबाद-शकूराबाद सड़क जाम कर दी। यह जाम लगभग दो घंटे तक चला, जिससे आवागमन बाधित रहा और वाहनों की लंबी कतारें लग गईं। ग्रामीणों के अनुसार, पिंजौर गांव से जहानाबाद आने-जाने वाली सड़क पर पिछले पांच वर्षों से पानी जमा रहता है। बरसात का मौसम शुरू होने से पहले ही सड़क पर पानी भर गया है, जिससे बच्चों की पढ़ाई और लोगों के आवागमन में भारी परेशानी हो रही है। पक्के नाले का नहीं हुआ निर्माण ग्रामीणों ने बताया कि वे इस समस्या को लेकर मुख्यमंत्री के जनता दरबार से लेकर कई अधिकारियों से गुहार लगा चुके हैं, लेकिन आज तक जल जमाव का समाधान नहीं हुआ है। उनका आरोप है कि पहले भी सड़क जाम करने पर अधिकारियों ने नाला बनाकर पानी की निकासी का आश्वासन दिया था, लेकिन पक्के नाले का निर्माण नहीं हुआ और पानी की निकासी नहीं हो सकी। पुलिस ने ग्रामीणों को समझाने का किया प्रयास सूचना मिलने पर परस बीघा थाने की पुलिस मौके पर पहुंची और ग्रामीणों को समझाने का प्रयास किया। हालांकि, ग्रामीण उच्च अधिकारियों को घटनास्थल पर बुलाने की मांग पर अड़े हैं। उनका कहना है कि जब तक जल जमाव की समस्या का स्थायी समाधान नहीं होगा, तब तक वे सड़क जाम नहीं हटाएंगे।


