कैमूर में स्कूली छात्रों ने पुलिस व्यवस्था समझी:पुलिस और जनता के बीच विश्वास बढ़ाने को लेकर स्पेशल विजिट

कैमूर में भभुआ क्षेत्र के स्कूली बच्चों ने मंगलवार को भभुआ थाना और अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी (DSP) कार्यालय का विशेष दौरा किया। इस दौरान पुलिस अधिकारियों ने बच्चों को थाना परिसर, नियंत्रण कक्ष, शिकायत निवारण प्रणाली और सुरक्षा संबंधी विभिन्न व्यवस्थाओं की विस्तृत जानकारी दी। बच्चों को पुलिस की दैनिक कार्यशैली से अवगत कराया गया और समाज की सुरक्षा में पुलिस की भूमिका समझाई गई। दौरे के दौरान बच्चों को पुलिस की गाड़ियों में बैठाया गया। उन्हें DSP कार्यालय में कुर्सी पर बैठाकर पुलिस की जिम्मेदारियों का अनुभव भी कराया गया। यह पहल बच्चों को पुलिस के कामकाज को करीब से समझने का अवसर प्रदान करने के उद्देश्य से की गई थी। बच्चों के मन में पुलिस के प्रति सकारात्मक सोच विकसित करना मुख्य उद्देश्य पुलिस अधिकारियों ने बताया कि इस कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य बच्चों के मन में पुलिस के प्रति सकारात्मक सोच विकसित करना है। इसका लक्ष्य है कि भविष्य में बच्चे पुलिस को एक दोस्त, मार्गदर्शक और सहायक के रूप में देखें। आधुनिक पुलिसिंग का एक महत्वपूर्ण हिस्सा अधिकारियों ने यह भी स्पष्ट किया कि पुलिस और जनता के बीच विश्वास बढ़ाना तथा दूरी कम करना आधुनिक पुलिसिंग का एक महत्वपूर्ण हिस्सा है। ऐसे कार्यक्रम न केवल बच्चों को प्रेरित करते हैं, बल्कि परिवारों और समाज को भी पुलिस की कार्यप्रणाली को बेहतर ढंग से समझने में मदद करते हैं। इससे सहयोगात्मक पुलिसिंग के लिए एक मजबूत आधार तैयार होता है। कार्यक्रम के अंत में बच्चों ने पुलिस अधिकारियों से विभिन्न विभागों के बारे में सवाल पूछे और जानकारी हासिल की। पुलिस प्रशासन ने भविष्य में भी ऐसे जनसहभागिता कार्यक्रमों को जारी रखने की प्रतिबद्धता व्यक्त की। कैमूर में भभुआ क्षेत्र के स्कूली बच्चों ने मंगलवार को भभुआ थाना और अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी (DSP) कार्यालय का विशेष दौरा किया। इस दौरान पुलिस अधिकारियों ने बच्चों को थाना परिसर, नियंत्रण कक्ष, शिकायत निवारण प्रणाली और सुरक्षा संबंधी विभिन्न व्यवस्थाओं की विस्तृत जानकारी दी। बच्चों को पुलिस की दैनिक कार्यशैली से अवगत कराया गया और समाज की सुरक्षा में पुलिस की भूमिका समझाई गई। दौरे के दौरान बच्चों को पुलिस की गाड़ियों में बैठाया गया। उन्हें DSP कार्यालय में कुर्सी पर बैठाकर पुलिस की जिम्मेदारियों का अनुभव भी कराया गया। यह पहल बच्चों को पुलिस के कामकाज को करीब से समझने का अवसर प्रदान करने के उद्देश्य से की गई थी। बच्चों के मन में पुलिस के प्रति सकारात्मक सोच विकसित करना मुख्य उद्देश्य पुलिस अधिकारियों ने बताया कि इस कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य बच्चों के मन में पुलिस के प्रति सकारात्मक सोच विकसित करना है। इसका लक्ष्य है कि भविष्य में बच्चे पुलिस को एक दोस्त, मार्गदर्शक और सहायक के रूप में देखें। आधुनिक पुलिसिंग का एक महत्वपूर्ण हिस्सा अधिकारियों ने यह भी स्पष्ट किया कि पुलिस और जनता के बीच विश्वास बढ़ाना तथा दूरी कम करना आधुनिक पुलिसिंग का एक महत्वपूर्ण हिस्सा है। ऐसे कार्यक्रम न केवल बच्चों को प्रेरित करते हैं, बल्कि परिवारों और समाज को भी पुलिस की कार्यप्रणाली को बेहतर ढंग से समझने में मदद करते हैं। इससे सहयोगात्मक पुलिसिंग के लिए एक मजबूत आधार तैयार होता है। कार्यक्रम के अंत में बच्चों ने पुलिस अधिकारियों से विभिन्न विभागों के बारे में सवाल पूछे और जानकारी हासिल की। पुलिस प्रशासन ने भविष्य में भी ऐसे जनसहभागिता कार्यक्रमों को जारी रखने की प्रतिबद्धता व्यक्त की।  

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