Coimbatore Girl Murder: तमिलनाडु के कोयंबटूर में 10 साल की बच्ची के अपहरण, यौन उत्पीड़न और हत्या का मामला सामने आया है। पुलिस ने वारदात को अंजाम देने वाले दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। वहीं, इस घटना को लेकर पूरे राज्य में गुस्सा है, और राजनीतिक दलों ने आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है। मुख्यमंत्री जोसेफ विजय और विपक्षी नेता उदयनिधि स्टालिन ने घटना की कड़ी निंदा की है।
सीएम ने दिए चार्जशीट दाखिल करने के आदेश
मुख्यमंत्री जोसेफ विजय ने इस घटना को दिल दहला देने वाली बताया है। उन्होंने कहा कि महिलाओं और बच्चों के खिलाफ ऐसे अपराध किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किए जाएंगे। उन्होंने पुलिस को तेजी से जांच पूरी कर जल्द चार्जशीट दाखिल करने के निर्देश दिए हैं।
वहीं विपक्षी नेता उदयनिधि स्टालिन ने भी घटना पर प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने कहा कि इस घटना से पूरे तमिलनाडु में शोक और आक्रोश है तथा दोषियों को जल्द कड़ी सजा मिलनी चाहिए। एमडीएमके नेता वाइको ने भी आरोपियों के लिए उम्रकैद जैसी सख्त सजा की मांग की।
क्या है पूरा मामला
घटना के बारे में जानकारी देते हुए पुलिस ने बताया कि बच्ची अपने घर के बाहर खेलते समय लापता हो गई थी। रात करीब 10 बजे गुमशुदगी का मामला दर्ज कर पांच विशेष टीमों का गठन किया गया। सीसीटीवी फुटेज और तकनीकी जांच के आधार पर पुलिस मुख्य आरोपी तक पहुंची, जो पीड़िता के परिवार का परिचित और पड़ोसी था।
आईजीपी भारती ने बताया कि पूछताछ में आरोपी ने बच्ची को बहला-फुसलाकर ले जाने, उसके साथ यौन उत्पीड़न करने और बाद में हत्या करने की बात कबूल की। पुलिस ने इस मामले में पॉक्सो एक्ट भी लगाया है। आरोपी पुलिस से बचने के लिए इमारत से कूद गया, जिससे उसके हाथ और पैर में फ्रैक्चर हो गया।
जांच में दूसरे आरोपी की भूमिका भी सामने आई, जिसने कथित तौर पर मुख्य आरोपी की मदद की थी। दोनों आरोपियों को न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है। बच्ची का पोस्टमॉर्टम कराने के बाद शव परिवार को सौंप दिया गया।
परिजनों को सौंपा शव
घटना के बाद बच्ची के परिजनों और स्थानीय लोगों ने सुलूर पुलिस स्टेशन के पास राष्ट्रीय राजमार्ग पर प्रदर्शन किया और न्याय की मांग की। पीड़िता की मां ने कहा कि जब तक मुख्यमंत्री की ओर से आधिकारिक बयान नहीं आता, तब तक वे बच्ची का शव नहीं लेंगे।


