बैतूल में बढ़ते वीआईपी (VIP) मूवमेंट और नेशनल हाईवे से कनेक्टिविटी को देखते हुए एक नया अत्याधुनिक सर्किट हाउस बनाया जाएगा। इसके निर्माण पर लगभग 3 करोड़ रुपए की लागत आएगी। मंगलवार को क्षेत्रीय विधायक हेमंत खंडेलवाल और कलेक्टर नरेंद्र सूर्यवंशी ने प्रस्तावित निर्माण स्थल का निरीक्षण किया। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि ब्रिटिश काल में बने लगभग 100 साल पुराने मौजूदा सर्किट हाउस को ऐतिहासिक धरोहर के रूप में पूरी तरह संरक्षित रखा जाएगा। नए भवन का निर्माण एनेक्सी ‘ए’ और पुराने कलेक्टर भवन के बीच (एनेक्सी के पीछे) किया जाएगा। निरीक्षण के दौरान विधायक खंडेलवाल ने अधिकारियों को नए सर्किट हाउस में आधुनिक सुविधाओं से लैस कॉन्फ्रेंस हॉल और उत्कृष्ट श्रेणी के कमरे बनाने के निर्देश दिए हैं। इसके साथ ही, नए सर्किट हाउस और पुराने रेस्ट हाउस के लिए एक संयुक्त अत्याधुनिक किचन (रसोई) की व्यवस्था भी बनाई जाएगी। DPR हो रही तैयार, पुराने भवन के लिए 80 लाख अलग से स्वीकृत एसडीओ (PIU) अजय सिंह तोमर ने बताया कि नए भवन के निर्माण के लिए 3 करोड़ रुपए का शुरुआती बजट रखा गया है। फिलहाल इस प्रोजेक्ट की विस्तृत परियोजना रिपोर्ट (DPR) तैयार की जा रही है। नए भवन में 8 कमरे और 6 डॉरमेट्री कक्ष बनाए जाएंगे। वहीं, मौजूदा पुराने सर्किट हाउस की मरम्मत और वहां नए कमरे व डॉरमेट्री बनाने के लिए लोक निर्माण विभाग (PWD) को 80 लाख रुपए का बजट अलग से दिया जाएगा। 1907 से 1927 के बीच बना था मौजूदा सर्किट हाउस, मौसम के रहता है अनुकूल बैतूल का वर्तमान सर्किट हाउस एक ऐतिहासिक इमारत है, जिसका निर्माण अंग्रेजी शासनकाल में वर्ष 1907 से 1927 के बीच हुआ था। इसकी वास्तुकला इतनी खास है कि यह भवन हर मौसम के अनुकूल रहता है—सर्दियों में यह अधिक ठंडा नहीं होता और गर्मियों में स्वाभाविक रूप से ठंडा रहता है। इस पुरानी इमारत को रेस्ट हाउस के रूप में उपयोग में लाया जाएगा। मंगलवार को हुए निरीक्षण के दौरान जिला पंचायत सीईओ अक्षत जैन, एसडीएम अभिजीत सिंह और PWD ईई प्रीति पटेल सहित अन्य अधिकारी भी मौजूद रहे।


