देशभर में एलपीजी गैस सिलेंडर की संभावित किल्लत के बावजूद मुजफ्फरपुर के सरकारी स्कूलों में बच्चों के लिए मिड डे मील व्यवस्था अप्रभावित है। नगर क्षेत्र के स्कूलों में छात्रों को नियमित और उचित तरीके से भोजन उपलब्ध कराया जा रहा है, जिससे उन्हें किसी प्रकार की परेशानी का सामना नहीं करना पड़ रहा है। इसी क्रम में, खबरा रोड स्थित होम फॉर होमलेस माध्यमिक स्कूल में व्यवस्था का जायजा लिया गया। वहां पाया गया कि बच्चों को समय पर भोजन मिल रहा है और वितरण प्रक्रिया भी सुचारू रूप से चल रही है। यह सुनिश्चित कर रहा है कि पढ़ाई के साथ-साथ बच्चों को आवश्यक पोषण भी मिल सके। एनजीओ से होती मिड डे मील की व्यवस्था नगर क्षेत्र के अधिकांश सरकारी स्कूलों में मिड डे मील की व्यवस्था गैर-सरकारी संगठनों (एनजीओ) के माध्यम से संचालित होती है। एनजीओ भोजन तैयार कर स्कूलों तक पहुंचाते हैं, जहां शिक्षकों की देखरेख में इसे बच्चों के बीच वितरित किया जाता है। इस कारण, एलपीजी गैस की संभावित कमी का असर अभी तक इस व्यवस्था पर नहीं पड़ा है। होम फॉर होमलेस माध्यमिक स्कूल के प्रधानाध्यापक संजय तिवारी ने बताया कि मिड डे मील को लेकर फिलहाल कोई समस्या नहीं है। उन्होंने स्पष्ट किया कि एनजीओ की ओर से तैयार भोजन स्कूलों में भेजा जाता है और बच्चों को नियमित रूप से वितरित किया जा रहा है। एनजीओ की ओर से भी अभी तक किसी परेशानी की सूचना नहीं मिली है। देशभर में एलपीजी गैस सिलेंडर की संभावित किल्लत के बावजूद मुजफ्फरपुर के सरकारी स्कूलों में बच्चों के लिए मिड डे मील व्यवस्था अप्रभावित है। नगर क्षेत्र के स्कूलों में छात्रों को नियमित और उचित तरीके से भोजन उपलब्ध कराया जा रहा है, जिससे उन्हें किसी प्रकार की परेशानी का सामना नहीं करना पड़ रहा है। इसी क्रम में, खबरा रोड स्थित होम फॉर होमलेस माध्यमिक स्कूल में व्यवस्था का जायजा लिया गया। वहां पाया गया कि बच्चों को समय पर भोजन मिल रहा है और वितरण प्रक्रिया भी सुचारू रूप से चल रही है। यह सुनिश्चित कर रहा है कि पढ़ाई के साथ-साथ बच्चों को आवश्यक पोषण भी मिल सके। एनजीओ से होती मिड डे मील की व्यवस्था नगर क्षेत्र के अधिकांश सरकारी स्कूलों में मिड डे मील की व्यवस्था गैर-सरकारी संगठनों (एनजीओ) के माध्यम से संचालित होती है। एनजीओ भोजन तैयार कर स्कूलों तक पहुंचाते हैं, जहां शिक्षकों की देखरेख में इसे बच्चों के बीच वितरित किया जाता है। इस कारण, एलपीजी गैस की संभावित कमी का असर अभी तक इस व्यवस्था पर नहीं पड़ा है। होम फॉर होमलेस माध्यमिक स्कूल के प्रधानाध्यापक संजय तिवारी ने बताया कि मिड डे मील को लेकर फिलहाल कोई समस्या नहीं है। उन्होंने स्पष्ट किया कि एनजीओ की ओर से तैयार भोजन स्कूलों में भेजा जाता है और बच्चों को नियमित रूप से वितरित किया जा रहा है। एनजीओ की ओर से भी अभी तक किसी परेशानी की सूचना नहीं मिली है।


